उत्तराखंड

*आज का पंचांग, राशिफल एवं प्रेरक प्रसंग – आधा राज्य या पांच गांव!*

आज का पंचांग, राशिफल एवं प्रेरक प्रसंग 05 नवम्बर 2026, बृहस्पतिवार आज का पंचांग आज गुरुवार का दिन है। हिंदू पंचांग के अनुसार आज विक्रम संवत 2083, सिद्धार्थी…

आज का पंचांग, राशिफल एवं प्रेरक प्रसंग

05 नवम्बर 2026, बृहस्पतिवार

आज का पंचांग

आज गुरुवार का दिन है। हिंदू पंचांग के अनुसार आज विक्रम संवत 2083, सिद्धार्थी संवत्सर, कार्तिक मास, कृष्ण पक्ष की एकादशी तिथि है। आज रमा एकादशी का पावन पर्व मनाया जा रहा है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार रमा एकादशी का व्रत भगवान विष्णु की आराधना और आध्यात्मिक साधना के लिए विशेष फलदायी माना जाता है।

**तिथि:** कृष्ण पक्ष एकादशी सुबह 10:36 बजे तक, इसके बाद द्वादशी तिथि प्रारंभ।

**वार:** गुरुवार।

**नक्षत्र:** उत्तरा फाल्गुनी नक्षत्र रात्रि 3:56 बजे तक, इसके बाद हस्त नक्षत्र।

**योग:** वैधृति योग अगले दिन सुबह लगभग 5:09 बजे तक।

**करण:** बालव करण सुबह 10:36 बजे तक, इसके बाद कौलव करण रात्रि 10:30 बजे तक।

**सूर्योदय:** सुबह 6:34 बजे।

**सूर्यास्त:** शाम 5:27 बजे।

**चंद्रोदय:** रात्रि लगभग 3:41 बजे (6 नवंबर)।

**चंद्रास्त:** दोपहर लगभग 2:57 बजे।

**सूर्य राशि:** तुला।

**चंद्र राशि:** सिंह राशि सुबह 9:34 बजे तक, इसके बाद कन्या राशि।

**ऋतु:** शरद ऋतु।

**अयन:** दक्षिणायन।

**मास:** कार्तिक मास (पूर्णिमांत पद्धति)।

**पक्ष:** कृष्ण पक्ष।

**विक्रम संवत:** 2083, सिद्धार्थी।

**शक संवत:** 1948, पराभव।

### आज के शुभ मुहूर्त

ब्रह्म मुहूर्त: सुबह 4:49 बजे से 5:41 बजे तक।

अभिजीत मुहूर्त: सुबह 11:38 बजे से दोपहर 12:22 बजे तक।

अमृत काल: रात्रि 8:36 बजे से 10:14 बजे तक।

### आज के अशुभ समय

राहुकाल: दोपहर 1:22 बजे से 2:44 बजे तक।

यमगण्ड: सुबह 6:34 बजे से 7:55 बजे तक।

गुलिक काल: सुबह 9:17 बजे से 10:39 बजे तक।

दुर्मुहूर्त: सुबह 10:11 बजे से 10:55 बजे तक तथा दोपहर 2:33 बजे से 3:16 बजे तक।

**विशेष धार्मिक महत्व:** आज रमा एकादशी है। इस दिन भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी की पूजा-अर्चना करने, व्रत रखने, जरूरतमंदों को अन्न एवं वस्त्र दान करने तथा भगवान का स्मरण करने का विशेष महत्व माना गया है। एकादशी के दिन सात्विक आहार, संयम और सदाचार का पालन करना शुभ माना जाता है।

—

# आज का राशिफल
**05 नवम्बर 2026, बृहस्पतिवार**

**मेष राशि (चू, चे, चो, ला, ली, लू, ले, लो, अ)**

आज का दिन कुछ मानसिक उतार-चढ़ाव वाला रह सकता है। कष्ट, भय, चिंता तथा तनाव का वातावरण बन सकता है। किसी भी प्रकार के जोखिम और जमानत संबंधी कार्यों से दूर रहें। अपनी वाणी पर नियंत्रण रखें और दूसरों के मामलों में अनावश्यक हस्तक्षेप करने से बचें। कोई महत्वपूर्ण समाचार प्राप्त हो सकता है। अपेक्षित कार्यों में विलंब होने से मन थोड़ा परेशान रह सकता है। व्यवसाय सामान्य रूप से चलता रहेगा, लेकिन कामकाज के सिलसिले में भागदौड़ अधिक रहेगी। किसी भी नए निर्णय में जल्दबाजी न करें।

**वृषभ राशि (इ, उ, ए, ओ, वा, वी, वू, वे, वो)**

आज का दिन मनोरंजन और पारिवारिक खुशियों से भरा रह सकता है। आंखों की सुरक्षा का विशेष ध्यान रखें तथा चोट से बचाव करें। आर्थिक लेन-देन में जल्दबाजी न करें। किसी मनोरंजक यात्रा की योजना बन सकती है। किसी आनंदोत्सव या पारिवारिक समारोह में शामिल होने का अवसर मिलेगा। मनपसंद भोजन का आनंद ले सकते हैं। मित्रों और संबंधियों के साथ समय अच्छा व्यतीत होगा। कारोबार में परिस्थितियां आपके अनुकूल रहेंगी। हालांकि आर्थिक मामलों में सावधानी बरतना आवश्यक है।

**मिथुन राशि (का, की, कू, घ, ङ, छ, के, को, हा)**

आज आपको अपने व्यवहार और स्वास्थ्य दोनों पर विशेष ध्यान देना होगा। ऐसा कोई कार्य न करें जिससे मान-सम्मान को ठेस पहुंचे। चिंता और मानसिक तनाव रह सकता है। सुख-सुविधाओं से जुड़ी वस्तुओं पर खर्च बढ़ सकता है। स्थायी संपत्ति में वृद्धि के योग बन रहे हैं। प्रॉपर्टी से संबंधित कार्यों में बड़ा लाभ मिलने की संभावना है। रोजगार प्राप्ति के प्रयास सफल हो सकते हैं। नौकरीपेशा लोगों के लिए दिन सुखद रहेगा और कार्यस्थल पर शांति बनी रहेगी। निवेश करने से पहले अच्छी तरह विचार करें।

**कर्क राशि (ही, हू, हे, हो, डा, डी, डू, डे, डो)**

आज का दिन मिश्रित परिणाम देने वाला रहेगा। कानूनी मामलों में बाधा आ सकती है, इसलिए कोई भी कदम सोच-समझकर उठाएं। हल्की हंसी-मजाक में भी मर्यादा बनाए रखें। विरोधी सक्रिय रह सकते हैं और आर्थिक नुकसान की आशंका बनी रह सकती है। जीवनसाथी का सहयोग आपके लिए राहत लेकर आएगा। कानूनी अड़चनें दूर होने से लाभ की स्थिति बन सकती है। घर और बाहर प्रसन्नता का वातावरण रहेगा। व्यवसाय में स्थिति सामान्य रहेगी और धीरे-धीरे लाभ में वृद्धि होने के संकेत हैं।

**सिंह राशि (मा, मी, मू, मे, मो, टा, टी, टू, टे)**

आज प्रेम संबंधों और पारिवारिक मामलों में विशेष सावधानी बरतने की आवश्यकता है। प्रेम-प्रसंग में जल्दबाजी न करें, अन्यथा विवाद की स्थिति बन सकती है। मन में नकारात्मक विचार आ सकते हैं। वाहन और मशीनरी के उपयोग में लापरवाही न बरतें। युवाओं को विशेष रूप से अपने व्यवहार और निर्णयों में संयम रखना चाहिए। विवादों को बढ़ावा देने से बचें। किसी की बात से स्वाभिमान को ठेस पहुंच सकती है। आर्थिक लेन-देन में सतर्क रहें। आय में स्थिरता बनी रह सकती है।

**कन्या राशि (टो, पा, पी, पू, ष, ण, ठ, पे, पो)**

आज स्वास्थ्य के मामले में थोड़ी सावधानी रखने की आवश्यकता है। थकान और कमजोरी महसूस हो सकती है। धार्मिक एवं आध्यात्मिक कार्यों में रुचि बढ़ेगी। किसी धार्मिक अनुष्ठान या पूजा-पाठ में शामिल होने का अवसर मिल सकता है। कानूनी अड़चनें दूर होने से परिस्थितियां आपके अनुकूल बनेंगी। लाभ के अच्छे अवसर हाथ आ सकते हैं। सुख-सुविधाओं के साधनों की प्राप्ति संभव है। आर्थिक दृष्टि से दिन अनुकूल रहेगा और धन प्राप्ति के प्रयास सफल हो सकते हैं।

**तुला राशि (रा, री, रू, रे, रो, ता, ती, तू, ते)**

आज परिवार और संतान से जुड़े मामलों पर विशेष ध्यान देना होगा। संतान के स्वास्थ्य तथा पढ़ाई को लेकर चिंता रह सकती है। कोई नई योजना बन सकती है, लेकिन उसका तत्काल लाभ मिलने की संभावना कम है। परिस्थितियों के अनुसार अपनी कार्यशैली में बदलाव करना पड़ सकता है। व्यापार और व्यवसाय में लाभ की स्थिति बनेगी। नौकरीपेशा लोगों का प्रभाव बढ़ेगा और कार्यक्षेत्र में नई जिम्मेदारियां मिल सकती हैं। शेयर बाजार और म्यूचुअल फंड से लाभ के संकेत हैं, फिर भी निवेश सोच-समझकर करें।

**वृश्चिक राशि (तो, ना, नी, नू, ने, नो, या, यी, यू)**

आज का दिन आपके लिए काफी अनुकूल रहने की संभावना है। विरोधी शांत रहेंगे और धन लाभ के अवसर प्राप्त होंगे। व्यावसायिक यात्रा लाभदायक साबित हो सकती है। लंबे समय से रुका हुआ पैसा वापस मिलने के प्रयास सफल हो सकते हैं। मित्रों का सहयोग मिलेगा और नए कार्य शुरू करने की योजना बनेगी। कारोबार में विस्तार के योग हैं। निवेश के लिए समय अनुकूल रह सकता है। नौकरी में अधिकारी आपके कार्यों से प्रसन्न रहेंगे। भाग्य का साथ मिलने से कई रुके हुए कार्य पूरे हो सकते हैं।

**धनु राशि (ये, यो, भा, भी, भू, धा, फा, ढा, भे)**

आज आपको आर्थिक और पारिवारिक मामलों में विशेष सावधानी रखनी होगी। कीमती वस्तुओं को संभालकर रखें। जीवनसाथी के स्वास्थ्य पर खर्च होने की संभावना है। बातचीत के दौरान कटु और हल्के शब्दों का प्रयोग न करें। चिंता तथा तनाव बढ़ सकता है। किसी अपरिचित व्यक्ति पर आंख बंद करके विश्वास न करें। नकारात्मक विचारों से दूर रहने का प्रयास करें। व्यवसाय सामान्य रूप से चलता रहेगा, लेकिन आमदनी में उतार-चढ़ाव रह सकता है। धैर्य और विवेक से काम लेना आपके लिए बेहतर रहेगा।

**मकर राशि (भो, जा, जी, खी, खू, खे, खो, गा, गी)**

आज का दिन व्यावसायिक दृष्टि से अच्छा रहने की संभावना है। आर्थिक लेन-देन में जल्दबाजी न करें और अपने स्वास्थ्य का ध्यान रखें। अनावश्यक खर्च बढ़ सकता है। व्यावसायिक यात्रा सफल रहेगी और अप्रत्याशित लाभ मिलने के योग हैं। कारोबार में वृद्धि हो सकती है तथा साझेदारों का सहयोग प्राप्त होगा। सट्टे और लॉटरी जैसे जोखिमपूर्ण कार्यों से दूर रहें। नौकरी में अधिकार और जिम्मेदारियां बढ़ सकती हैं। घर और बाहर प्रसन्नता का वातावरण रहेगा। परिवार के साथ अच्छा समय बिताने का अवसर मिलेगा।

**कुंभ राशि (गू, गे, गो, सा, सी, सू, से, सो, दा)**

आज आपको अपने आसपास के लोगों के प्रति सतर्क रहने की आवश्यकता है। कुछ दुष्ट प्रवृत्ति के लोग नुकसान पहुंचाने का प्रयास कर सकते हैं। जीवनसाथी के स्वास्थ्य को लेकर चिंता रह सकती है। कहीं से अप्रिय समाचार मिलने की आशंका है। हालांकि आप कठिन परिस्थितियों का सामना साहस के साथ कर पाएंगे। आमदनी बनी रहेगी और भाइयों का सहयोग प्राप्त होगा। निवेश के लिए दिन अनुकूल रह सकता है। आज के कार्यों को कल पर टालने से बचें। विवेकपूर्ण निर्णय लेने से लाभ होगा।

**मीन राशि (दी, दू, थ, झ, ञ, दे, दो, चा, ची)**

आज का दिन कई मामलों में सफलता और लाभ देने वाला रह सकता है। कम प्रयास में भी कार्यसिद्धि के योग हैं। लाभ के अवसर प्राप्त होंगे और रोजगार के क्षेत्र में वृद्धि हो सकती है। मित्रों की सहायता करने का अवसर मिलेगा। सामाजिक प्रतिष्ठा में वृद्धि होगी। व्यापार और व्यवसाय में लाभ की संभावना है। शेयर बाजार में निवेश करते समय सावधानी बरतें। हालांकि कुछ परिस्थितियों में कष्ट, भय, चिंता और तनाव का सामना करना पड़ सकता है। गलत संगति से दूर रहें, अन्यथा नुकसान हो सकता है।

**कृपया ध्यान दें:** यह राशिफल सामान्य ज्योतिषीय गणनाओं और राशि आधारित मान्यताओं पर आधारित है। आपकी व्यक्तिगत जन्मकुंडली, ग्रहों की स्थिति और दशा के अनुसार परिणामों में अंतर संभव है। इसे निश्चित भविष्यवाणी न मानें। महत्वपूर्ण निर्णय लेते समय अपनी परिस्थितियों और विवेक को प्राथमिकता दें।

—

# आज का प्रेरक प्रसंग
## आधा राज्य या पांच गांव!

महाभारत का युद्ध अभी शुरू नहीं हुआ था, लेकिन कौरवों और पांडवों के बीच तनाव लगातार बढ़ता जा रहा था। दोनों पक्षों के बीच विवाद इतना गहरा हो चुका था कि युद्ध की आशंका पूरे आर्यावर्त में फैलने लगी थी। एक ओर पांडव अपने अधिकार और सम्मान की मांग कर रहे थे, तो दूसरी ओर दुर्योधन सत्ता और अहंकार के मद में किसी भी समझौते के लिए तैयार नहीं था।

ऐसे कठिन समय में भगवान श्रीकृष्ण ने मानवता और शांति का संदेश देते हुए स्वयं शांति-दूत बनकर हस्तिनापुर जाने का निर्णय लिया। उनका उद्देश्य किसी भी तरह महाभारत के विनाशकारी युद्ध को रोकना और दोनों परिवारों के बीच समझौता कराना था।

हस्तिनापुर की राजसभा में पहुंचकर भगवान श्रीकृष्ण ने दुर्योधन को समझाया कि पांडवों को उनका उचित अधिकार लौटा दिया जाए। उन्होंने न्याय और धर्म का पक्ष रखते हुए कहा कि यदि पूरा राज्य देना संभव नहीं है, तो पांडव केवल पांच गांव लेकर भी संतुष्ट हो सकते हैं।

यह प्रस्ताव पांडवों की ओर से शांति बनाए रखने के लिए एक अंतिम प्रयास था। वे युद्ध नहीं चाहते थे, बल्कि अपने सम्मान के साथ जीवन जीने के लिए थोड़ी-सी भूमि चाहते थे।

लेकिन दुर्योधन के मन में अहंकार और सत्ता का लोभ इतना अधिक था कि उसने भगवान श्रीकृष्ण के शांति प्रस्ताव को भी ठुकरा दिया। उसने स्पष्ट शब्दों में कहा कि वह पांडवों को सुई की नोक के बराबर भूमि भी नहीं देगा।

दुर्योधन के इस उत्तर से स्पष्ट हो गया कि वह न्याय, रिश्तों और शांति से अधिक अपने अहंकार को महत्व दे रहा है। भगवान श्रीकृष्ण ने उसे समझाने का हर संभव प्रयास किया, लेकिन वह अपनी जिद पर अड़ा रहा।

अंततः शांति की अंतिम कोशिश भी असफल हो गई और महाभारत का भीषण युद्ध अनिवार्य हो गया। इस युद्ध में असंख्य योद्धाओं ने अपने प्राण गंवाए। बड़े-बड़े महारथी मारे गए, परिवार उजड़ गए और हस्तिनापुर सहित अनेक राज्यों को विनाश का सामना करना पड़ा।

इस प्रसंग का सबसे बड़ा संदेश यह है कि पांडवों ने अपने अधिकारों के लिए संघर्ष करने से पहले शांति का हर संभव प्रयास किया, जबकि दुर्योधन ने थोड़ी-सी भूमि देने से इनकार करके पूरे साम्राज्य को विनाश की ओर धकेल दिया।

### प्रसंग से मिलने वाली सीख

मनुष्य के जीवन में स्वाभिमान और अहंकार के बीच बहुत बारीक अंतर होता है। स्वाभिमान व्यक्ति को सम्मान के साथ जीना सिखाता है, जबकि अहंकार उसे दूसरों का सम्मान करना भुला देता है।

अहंकार में लिया गया एक गलत निर्णय वर्षों की मेहनत, रिश्तों और प्रतिष्ठा को समाप्त कर सकता है। कई बार परिस्थितियों को संभालने के लिए थोड़ा झुकना कमजोरी नहीं, बल्कि समझदारी और महानता का परिचायक होता है।

परिवार हो, समाज हो, व्यापार हो या राजनीति, जहां संवाद और समझौते की गुंजाइश होती है, वहां विवाद को बढ़ाने के बजाय समाधान तलाशना चाहिए।

याद रखिए, जीत हमेशा दूसरे को हराने में नहीं होती, कई बार रिश्तों को बचा लेना ही जीवन की सबसे बड़ी जीत होती है।

**इसलिए जीवन में कभी भी अहंकार को अपने विवेक पर हावी न होने दें। समय रहते लिया गया एक समझदारी भरा निर्णय बड़े से बड़े संकट को टाल सकता है।**

### आज का सुविचार

सदैव प्रसन्न रहिए, क्योंकि जो प्राप्त है, वह पर्याप्त है।

जिसका मन मस्त है, उसके पास समस्त है।

झुकना सीखिए, क्योंकि फलदार वृक्ष हमेशा झुके रहते हैं और अहंकार से भरे वृक्ष अक्सर टूट जाते हैं।

**आपका दिन मंगलमय हो।**

**देवभूमि जेके न्यूज की ओर से सभी पाठकों को शुभ प्रभात।

Static 1 Static 1 Static 1 Static 1 Static 1 Static 1 Static 1 Static 1 Static 1 Static 1 Static 1 Static 1 Static 1 Static 1 Static 1 Static 1 Static 1 Static 1 Static 1 Static 1 Static 1 Static 1 Static 1 Static 1 Static 1 Static 1 Static 1 Static 1 Static 1 Static 1 Static 1 Static 1 Static 1 Static 1 Static 1
Discussion

0 Comments

Join the conversation

Share your view on this story. Your email address will not be published.