*अक्षय तृतीया के अवसर पर श्री तीर्थंकर आदिनाथ भगवान की याद में गन्ने का रस का किया वितरण*
देव भूमि जे के न्यूज ऋषिकेश –
आज अक्षय तृतीया के उपलक्ष में जो कि श्री तीर्थंकर आदिनाथ भगवान को तपस्या के पश्चात प्रथम आहार (पारना ) राजा श्रेयांश द्वारा इंक्षू रस (गन्ने का रस ) के रूप में दिया गया था इसलिए सभी जैन धर्मी अक्षय तृतीया को गन्ने का रस का वितरण करते हैं।
डॉक्टर प्रमोद कुमार जैन ने बताया कि जगद्गुरु भगवान छह महीने बाद आहार को निकले परन्तु मुनिचर्याविधि किसी को मालूम न होने से सात माह नौ दिन और व्यतीत हो गये, अतः एक वर्ष उनतालीस दिन बाद भगवान कुरुजांगल देश के हस्तिनापुर नगर में पहुंचे। भगवान को आते देख राजा श्रेयांस को पूर्व भव का स्मरण हो जाने से राजा सोमप्रभ के साथ श्रेयांसकुमार ने विधिवत् पड़गाहन आदि करके नवधाभक्ति से भगवान को इक्षुरस (गन्ने का रस )का आहार दिया। वह दिन वैशाख शुक्ला तृतीया का था जो आज भी ‘अक्षय तृतीया’ के नाम से प्रसिद्ध है।
श्री दिगंबर जैन पंचायती मंदिर हरिद्वार मार्ग ऋषिकेश पर जैन समाज द्वारा हर वर्ष की भांति इस वर्ष भी गन्ने के रस का वितरण किया गया, जिसमें जैन समाज के लोगों के साथ ही शहर के गणमान्य लोगों ने भी बढ़-चढ़कर भाग लिया।
शहर के प्रथम व्यक्ति ऋषिकेश मेयर शंभू पासवान भी इस आयोजन में प्रतिभाग तथा समाज को अपने उद्बोधन में अपनी शुभकामनाएं प्रेषित की।
कार्यक्रम में अध्यक्ष डॉ प्रमोद कुमार जैन, मंत्री अरविंद जैन , कोषाध्यक्ष राकेश कुमार जैन, श्रवण जैन प्रदीप जैन सुभाष जैन सचिन जैन महेंद्र जैन, रमेश जैन, संजीव जैन अतुल जैन, अरुण जैन राहुल जैन बजरंग जैन पूनम जैन संध्या जैन प्रीति जैन स्वाति जैन आदि ने भाग लिया। वरिष्ठ नागरिक सेंट्रल ऋषिकेश की ओर से श्री एसपी अग्रवाल, अशोक रस्तोगी नरेंद्र दीक्षित श्याम सिंह अटवाडिया , दिनेश मुद्गल एसपी गुप्ता जी आदि ने प्रतिभाग किया। अध्यक्ष डॉ प्रमोद कुमार जैन द्वारा सभी का स्वागत अभिनंदन किया गया।
